दिनांक 10 अगस्त 1978;
श्री रजनीश आश्रम, पूना।
प्रश्नसार:
1—ध्यान, साधना, परमात्मा इत्यादि की जरूरत क्या है?
2—मैं जीवनभर से प्रार्थना कर रहा हूं लेकिन कोई फल नहीं मिलता।
3—स्वप्न में भगवान श्री का दर्शन तथा साधक के लिए संकेत।
4—भगवान, आपके पदचिह्नों पर चल सकूं ऐसा आशीर्वाद दें।
